Sunday, May 8, 2022

माँ को समर्पित कविता

 

माँ को समर्पित कविता 

हे जन्मधात्री हे जन्मभूमि ये जीवन तुझको अर्पित है ,

तूने ही सब दिया है और सबकुछ तुझे समर्पित है ,,

जब जब विपदा आती तेरा आँचल करता रक्षा मेरी ,

शरण में वो भी आते हैं छोड़ गए जो सरजमीं तेरी ,,

हर रोग, व्याध दुःख दर्द से माँ तूने सदा बचाया है ,

हठ, क्रोध से अनजाने में हमने तुझे सताया है ,,

तुझी से पाते जन्म सभी पलता तुझसे संसार है ,

 हे जन्मधात्री हे जन्मभूमि तेरा गौरव आपार है ,,  

               विवेक शुक्ला की कलम से 








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